अभिनन्दन लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं
अभिनन्दन लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं

शुक्रवार, 15 फ़रवरी 2013

"माँ सरस्वती वन्दना"





या कुन्देन्दुतुषारहारधवला या शुभ्रवस्त्रावृता
या वीणावरदण्डमण्डितकरा या श्वेतपद्मासना।
या ब्रह्माच्युत शंकरप्रभृतिभिर्देवैः सदा वन्दिता
सा मां पातु सरस्वती भगवती निःशेषजाड्यापहा ॥1॥
शुक्लां ब्रह्मविचार सार परमामाद्यां जगद्व्यापिनीं
वीणा-पुस्तक-धारिणीमभयदां जाड्यान्धकारापहाम्‌।
हस्ते स्फटिकमालिकां विदधतीं पद्मासने संस्थिताम्‌
वन्दे तां परमेश्वरीं भगवतीं बुद्धिप्रदां शारदाम्‌॥2॥
हे माँ वीणावादिनी
 करते है अभिनन्दन 
सातों सुरों की जन्मदात्री
दिन करते  करते है 
तुम्हारी सुमिरन।
हर जगह व्याप्त 
माया है आपकी, 
दुखियों के सर पर 
छाया है आपकी। 
हंस की सवारी
पुस्तक लिए हाथों में 
हर पल चाहत है
 दर्शन हो आपके।
आप विद्या की देवी
करुणा के सागर, 
करें प्रसार दुनिया में
सत्य बौद्धिक ज्ञान,
मैं मूढ़ अज्ञानी
नही कर  सकता 
आपके गुणों का बखान। 

                                    




शुक्रवार, 25 जनवरी 2013

गणतंत्र दिवस







सत्य अहिंसा का पाठ पढाता,
हर्षोल्लास भरा गणतंत्र दिवस है।
जागो मेरे भारत के सपूतो,
सोये देश को नई पहचान बनाना है।
नफरत,बुराई बैर मिटा के,
विश्व में भारत को उठाना है।
कुटिल,दुराचारियों एव पापियों का, 
कर अंत फिर राम राज्य बनाना है।
भूल चुके जो अपनी संस्कृति को,
उनको सही  राह दिखाना है।
जाति मजहब का भेद भुलाकर,
सबको गले लगाना है।
उन्नति के पथ पर देश हमारा,
फिर से सोने  की चिड़ियाँ बनाना है।









 (सभी चित्र Google से साभार)

रविवार, 13 जनवरी 2013

महा कुंभ मेला-2013




शाही स्नान के साथ ही हमारी कर्मस्थली तीर्थराज प्रयाग (इलाहबाद) मेंगंगा,यमुना और अदृश्य सरस्वती नदियों के संगम पर महाकुंभ शुरू होगया।कुंभ मेल हमारा एक महत्वपूर्ण त्यौहार है,इसमें करोड़ो श्रद्धालु पवित्र जल में स्नान करते है। ऐसी मान्यता है कि कुंभ के पवित्र जल में स्नान से सभी पाप-ताप धुल जाते है और मोक्ष की प्राप्ति होती है।भारत के चार स्थानों पर,हरिद्वार,प्रयाग,उज्जैन और नासिक में प्रति बारहवें बर्ष इअ मेले का आयोजन होता है।हरिद्वार और प्रयाग में दो कुंभ पर्वो के बीच  छह बर्ष के अन्तराल पर एक अर्धकुंभ का भी आयोजन किया जाता है।चारो पूर्ण कुंभ पूरा होने के बाद 144 बर्षो के बाद एक महाकुंभ का आयोजन होता है,जो तीर्थराज प्रयाग में ही संपन्न होता है।आज वही  महाकुंभ का आयोजन हुआ है जो 10 मार्च  तक चलेगा।
                      कुंभ मेलों के पीछे एक पौराणिक कथा भी मान्य है की जब समुद्र मंथन के पश्चात अमृत कलश की प्राप्ति हुई तब इस पर अधिकार जमाने को लेकर देवताओं और असूरों के बीच युद्ध हुआ,इसी  क्रम में अमृत की कुछ बूंदे भारत के चार स्थानों पर गिरे।इन अमृत बूंदों के कारण ही इन चारो स्थानों में पवित्र एव रहस्यमयी शक्ति का संचार हुआ और तब से ही लगातार कुंभ मेले का आयोजन होता आ रहा है।
                        देश के सबसे बड़े धार्मिक मेले में देश-बिदेश से करोड़ो लोग आ रहे है और संगम तट पर डुबकी लगा रहे है।प्राप्त सूत्रों के अनुसार सुबह में सर्वप्रथम महानिर्वाणी अखाड़े के संतो ने स्नान किया।संगम स्थली पर कई महासंतो  का आगमन हुआ है जैसे की चंद्रास्वामी जी,आसाराम बापू , श्री श्री रविशंकर जी,सुधान्सु महाराज,सतपाल महाराज,योगी आदित्यनाथ,स्वामी विमलदेव जी।ये सभी संत संगम मेले में धर्मिक प्रवचन देंगे।
           आज मेरा यह दुर्भाग्य ही है की ऐसा पावन मेला  हमारी हमारी जन्मस्थली पर आयोजन हुआ और मैं  यहाँ परदेश में हूँ,खैर फिर कभी।



          "आप सब को लोहड़ी और मकर संक्राति की हार्दिक शुभकामनाएँ।"
                                                                                           

 संगम स्नान के कुछ चित्र (गूगल से साभार )






मंगलवार, 1 जनवरी 2013

नवबर्ष की हार्दिक शुभकामनायें







          करते हैं तन  मन  दिल से  अभिनन्दन  आपका,
          रब करे सबके सपने पूरें  हों झोली भर दे आपके।

                   बीत  गया यह साल सारे गिले शिकवे भूल  जाएँ,
                   नवबर्ष का करें स्वागत दुश्मन को भी गले लगायें।

                            जीवन रहे सदा खुशहाल लेकर आये ढेरों खुशियाँ,
                            आपकी भी कुछ दुआ चाहिए बाट लेंगे हर खुशियाँ।

                                     सोचा  है जो आपने पूरें  हों  सब अरमान  आपके,
                                      चाँद  सितारों  भरा  जीवन मुबारक हो   आपका।





Images for facebook friends
Send Scraps Facebook
Facebook sendscraps
Send Scraps for all
 
                                                                  Happy New Year 2013
                                              

सोमवार, 31 दिसंबर 2012

मेरे जज्बात

 

आज की यह पोस्ट आमिर भाई के नाम समर्पित है।इनके बारे में कुछ कहने से पहले सोचा कुछ टूट फूटे शब्दों से अपने बारे में परिचय कराऊँ।ब्लोगिंग की दुनियां में अभी कुछ ही महीने पहले आया।पहले मैं इन्टरनेट पर हिंदी समाचार,आर्टिकल्स पढ़ता था। हिंदी ब्लोगों पर पहुंच न के बराबर थी।सोचता था वेबसाइट, ब्लॉग कैसे बनते है इनका खर्च कौन उठता है आदि।एक दिन ऐसे ही इन्टरनेट पर विचरण करते समय इंग्लिश के एक पोस्ट में लिखा था कोई भी ब्लॉग बना सकता है वो भी फ्री में।मेरी भी उत्सुकता जागी जैसे तैसे एक  ब्लॉग बना ली।फिर नाम क्या रखूं  क्या पोस्ट करूं कई सवाल सामने थे।फिर क्या था अपने ही नाम से Rajendra blog पर कुछ सुंदर वाल्पपेर्स का पोस्ट किया।

चुकि मुझे सुंदर वल्पपेर्स फोटो आदि से लगाव था,उसी को पोस्ट करता रहा। हिंदी में लिखने का अभी तक अनुभव् नही था।फिर लिखना मालूम हुआ,बचपन का जो गजलों का शौक था उसे एक दूसरा भूली बिसरी यादें ब्लॉग बना कर  लिखता  रहा।फिर एक दिन मन में आया के जो होम्योपैथिक चिकित्सा के सालों के अनुभव को भी शेयर किया जाय सो तीसरी ब्लॉग स्वस्थ जीवन बना ली। इन्ही दिनों मेरे सामने हिंदी लिखने में एक प्रोब्लम आ गयी।अभी तक किसी अनुभवी के सम्पर्क में नही था,पोस्ट पढ़ता था लेकिन टिप्पड़ी करने में संकोच करता था।फिर मैंने विनीत भाई और आम़िर भाई के ब्लॉग पर सर्वप्रथम ये टिप्पड़ी लिखी।
विनीत जी ( टिप्स हिंदी में )और आमिर जी  दोनों महानुभाओ ने जबाब दिया,चूकि विनीत जी से सम्पर्क नही हुआ,आमिर भाई ने लगे हाथ जबाब भी दिया और सम्पर्क करने की बहुत उत्सुकता दिखाई।

“Aapka ye sawal mila,lekin aapki email adress nhi mila isliye jawab yahan de rha hun.aap hindi typing hmeshan yahan kren........yahan aapko koi problem nhi hogi.http://www.google.com/transliterate/ 
Aamir Dubai15 Dec 2012
rajendar ji aap mujhe email kren ,aapka email adress mere paas aa jayega.Thanks


चूकि हम दोनों ही UAE में रहते है सम्पर्क  हुआ।उन्होंने हमारे  ब्लोग्स देखे और बोले इन ब्लोगों का स्वरूप परिवर्तित  चाहिए। फिर उन्होंने आपना कीमती समय देकर हमारे ब्लोगों की डिजायन की, सजाया, सवांरा और कायाकल्प कर  दी।इनके निस्वार्थ सहयोग के लिए हम सदा आभारी  रहेंगे।इनके सभी ब्लोग्स (मास्टर्स टेक टिप्स ,इंडियन ब्लोगर्स वर्ल्ड और मोहब्बतनामा ) एव इनके पोस्ट बहुत ही उपयोगी हैं। हिंदी ब्लॉग प्रेमियों के सहयोग के लिए ये हमेशा तत्पर रहते हैं। इनके बारे में ज्याद क्या लिखू,ये सूर्य की किरणों के समान है जो बिना भेद भाव के सबके लिए हितकारी है।आशा है आगे भी ऐसे ही रौशनी की किरण बिखेरते रहेंगें।



You might also like :

Related Posts Plugin for WordPress, Blogger...